सफलता कैसे पाए, जान लें यह जरुरी बात

सफल होना है तो जान लें यह जरुरी बात

सफलता कैसे पाए : आज के समय में सबसे बड़ा प्रश्न है कि सफलता कैसे पाए| इस विषय पर न जाने कितनी पुस्तके लिखी गई और अनगिनत विद्वानों ने अपने मत दिए| सबकुछ देखकर सुनकर भी हम किसी नतीजे पर नहीं पहुँचते|

कभी आपने अपने आप से यह प्रश्न किया है कि अब तक जितने भी लोग सफल हुए, उन्होंने ऐसा क्या किया कि हम उन्हें सफल मानते है| तों इस तरफ एक दृष्टि डालते है कि सफलता का मंत्र है क्या| जिसे अपनाकर आप भी एक सफल व्यक्ति बन सकते है| हम बचपन से ही अपने बड़ो से यह सुनते आये है कि कड़ी मेहनत और सच्ची लगन, ये दो चीजे है, जो हमें बहुत आगे ले जा सकती है और ये सही भी है क्योंकि इन दोनों के बिना हम कुछ नहीं कर सकते|

लेकिन कड़ी मेहनत और सच्ची लगन के अलावा भी कुछ है जो हमें सफलता तक पहुँचाने के लिए आवश्यक है|

 

यदि आप ऐसा सोचते है कि सफलता आपके हाथ नहीं लगती या आप उतना प्राप्त नहीं कर पाते जितनी आपकी अपेक्षा थी तों यक़ीनन आपकी कोशिशों में कुछ बदलाव कि आवशयकता है|

 

सबसे पहले तों आप अपनी किस्मत के बारे में भूल जाइये क्यूंकि बहुत कुछ जीवन में संयोंगवश होता है और हम सोचते है कि यह हमारे ही क्रियाकलापों का परिणाम है| किसी भी वस्तु का आकस्मिक मिल जाना हम अपनी किस्मत की बुलंदी से जोड़कर देखते है और समझते है कि आगे भी सब कुछ हमें ऐसे ही प्राप्त हो जायेगा|

 

परन्तु जीवन में संयोंग बार-बार नहीं होंते क्यूंकि जीवन में कुछ भी ऐसे ही नहीं मिल जाता लेकिन जब आप पक्के इरादे के साथ अपनी पूरी क्षमता का भरपूर उपयोग करते हुए आगे बढ़ेंगे तों एक समय ऐसा आएगा जब यह बात मायने नहीं रखेगी कि आपके साथ क्या हुआ बल्कि जो होगा वह आपके वश में होगा| सफलता का सबसे बड़ा मंत्र है अपनी विफलताओ से कभी नाराज न होना| चलने के लिए पहले गिरना आवश्यक होता है क्यूंकि गिरना एक अवस्था पैदा करता है खड़े होने के लिए| ठीक उसी प्रकार जीवन में विफलता भी एक परिस्थति पैदा करती है सफलता पाने के लिए|

 

यह तों एक नियम है जिसे प्रकृति ने भी अपनाया है जैसे रात के बाद दिन| यदि रात ना हो तो दिन का कोई महत्व नहीं| यदि आप अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित हैं तो आपकी विफलता के मायने बदल जायंगे| फिर आप विफलताओ से सीखने लगेंगे और नए दृष्टिकोण के साथ आगे बढ़ेंगे| अगर आप दस बार असफल होंगे तों आपको दस बार अनुभव मिलेगा और आपका मस्तिष्क सुनियोजित हो जायेगा, और अगर एक बार आपका मस्तिष्क सुनियोजित हो गया तो आपकी सम्पूर्ण उर्जा की दिशा भी अपने लक्ष्य की ओर होगी, और आपके क्रिया-कलापों में लय आ जाएगी| फिर, जब ये सब चीज़े मिल जायेंगी तों आपमें लक्ष्य को प्राप्त करने की गज़ब की उर्जा आ जायेगी और आप अपने भाग्य के रचियता स्वयं हो जायेंगे|

 

सदैव स्पष्ट सोच के साथ काम करिये क्यूंकि बहुत सारे काम तों इसीलिए नहीं हो पाते कि हम अपने लक्ष्य के प्रति स्पष्ट ही नहीं होते| हम जानते ही नहीं कि हम चाहते क्या है| सच तो यह है कि आत्मविश्वास से भी ज्यादा लक्ष्य का स्पष्ट होना जरुरी है| यदि स्पष्ट ही नहीं होंगे तों पूर्ण आत्मविश्वास के बावजूद भी हम सफलता हासिल नहीं कर सकते| कई बार हम अन्दर से टुकड़ो में बटे होते है और जान ही नहीं पाते कि हमें करना क्या है| इसीलिए लक्ष्य स्पष्ट होना जरुरी है| यदि हम किसी भीड़ से गुजरकर अपने लक्ष्य तक पहुंचना चाहते है और हमारा लक्ष्य स्पष्ट है तों भीड़ में बिना किसी से टकराए अपने लक्ष्य तक पहुँच जायेंगे| अन्यथा हम सबसे टकरायेंगे और भटक जायेंगे|

 

जब भी हम कोई नया काम या बिज़नेस शुरू करते है तों हम यह सोचते रहते है कि ये काम चलेगा या नहीं, हमें कुछ मिलेगा या नहीं| पर यदि ये सब फालतू बाते छोड़कर हम अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित होंगे तो हम असाधारण हो जायेंगे| आजतक जितने भी महान व्यक्ति हुए उन्होंने कभी महान बनने की कोशिश नहीं की बल्कि उनके जीवन का नजरिया ही उन्हें सबसे ख़ास और सफल बनाता है| उसी तरह यदि हम भी अपने नज़रिए को बदलेंगे और लक्ष्य पर ध्यान देंगे तों एक असाधारण प्रतिभा के मालिक होंगे और सही मायने में सफल होंगे|

One Comment on “सफलता कैसे पाए, जान लें यह जरुरी बात”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *