एक बूढ़ी माँ का दर्द

एक बूढ़ी माँ का दर्द 

एक बूढ़ी माँ का दर्द:एक गरीब अंधी औरत थी।वह बहुत गरीब थी। उसका एक बेटा भी था,जो उसके साथ रहता था। स्कूल में उस लडक़े को सब बच्चे चिड़ाते थे, अंधी का बेटा अंधी का बेटा। हर बात पर उसे यही सूनने को मिलता।

इसीलिए वो अपनी मां से बहुुुत  चिढ़ता था,उसे कहीं भी ले जाने में हिचकता था वह अपनी मां को नापसंद करता था।

उसकी मां ने जैसे तैसे उसको पढ़ाया-लिखाया ताकि वह एक अच्छा इंसान बन सके और अपने पैरों पर खड़े हो सके।

कुछ सालों बाद धीरे धीरे जवान लड़का जवान हो गया और अपने पैरों पर खड़ा हो गया वह एक अच्छी कंपनी में एक ऑफ़िस में काम करने लगा।

धीरे धीरे उसने मां से दूरियां बनाना सुरु कर दिया ,और आखिर एक दिन वह अपनी मां से दूर जाकर रहने लगा। 

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समय बीतता रहा।एक दिन की बात है एक बूढ़ी औरत उसके घर आई और घर के गार्ड से कहने लगी ,मुझे आपके साहब से मिलना है।

उस गार्ड ने अपने मालिक को बताया और पूछा कि आप से कोई एक बूढ़ी औरत मिलना चाहती है  लेकिन उस आदमी ने मना कर दिया और कहा जाकर उसको मना कर दो कि मैं घर पर नहीं हूं।

चौकीदार ने उस बूढ़ी औरत से कहा कि जाओ यहां पर अभी साहब नहीं है। यह सुनकर वह बूढ़ी औरत वहां से चली गई।

कुछ समय बाद वह व्यक्ति अपनी कार लेकर ऑफिस को जा रहा होता है तो क्या देखता है कि सामने बहुत बड़ी भीड़ लगी हुई है। वह यह जानने के लिये कि वहां पर क्या हुआ है  वह अपनी कार से नीचे उतरता है।पास जा कर देखता है तो उसकी मां मरी हुई पड़ी थी। 

उसने अपनी मां को गोद में उठा लिया।तभी उसकी नजर अपनी मांं के हाथ की मुट्ठी पर जाती है उसने वह मुठ्ठी खोली तो उसमेंं एक पर्ची थी जिसमें कुछ लिखा हुआ था 

“बेटा जब तू छोटा था तो तेरी आंखों में एक सरिया फंस गई थी और तू अंधा हो गया था तो मैंने अपनी आंखें तुझे दे दी थी”

इतना पढ़कर वह इंसान जोर जोर से रोने लगा और अफ़सोस करने लगा,क्योंकि उसकी मां उसके पास नहीं आ सकती थी।

दोस्तों समय रहते लोगों की कद्र करना सीखो। मां बाप का कर्ज हम कभी नहीं उतार सकते।

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दोस्तो आपको पोस्ट कैसा लगा comment कर के ज़रूर बतायें ..(Aas mohammad)

12 Comments on “एक बूढ़ी माँ का दर्द”

  1. संसार में जीवित रहने वाले की कद्र नहीं होती है ।मरने के बाद मूर्ति पूजा करते हैं। सभी महान लोगों के साथ यही होता है

  2. हम संस्कारों को बचपन से ही रोपित कर दें बच्चों में | फिर भी संस्कारों की उपयोगिता कम होती जा रही है| माँ की जगह कोई नहीं ले सकता और माँ संतान के लिए क्या नहीं कर सकती |

  3. माँ के दिल जैसा दुनिया में कोई दिल नहीं , सभी माँओं को दिल से सलाम

  4. जब कोई इंसान होता तो उसकी वैल्यू पता नहीं चलती है जब वह चला जाता है तो उसकी वैल्यू पता चलती है थैंक यू दोस्त बहुत ही अच्छी कहानियां लिखते हो आप

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